जैसलमेर। जिले के एक खेत में अपने ही पति की हत्या करने के मामले में पकड़ी गई पत्नी और मृतक के चचेरे भाई को कोर्ट ने जेल भेज दिया। दोनों ने मिलकर कुल्हाड़ी से वार कर हरदान राम की हत्या कर दी थी। दरअसल यशोदा पत्नी हरदानराम और हरदान के चचेरे भाई कालूराम में अवैध संबंध थे और दोनों बाड़मेर छोड़कर जैसलमेर के एक गांव में सालभर से साथ रह रहे थे। हरदान राम ने जब इसका विरोध किया, तब दोनों ने मिलकर हरदान राम की हत्या कर दी। सदर थाना पुलिस ने दोनों को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया, जहां से कोर्ट न दोनों को जेल भेज दिया। जैसलमेर SP सुधीर चौधरी ने मामले की जानकारी देते हुए बताया- 2 जून को भंवराराम पुत्र पूनमाराम जाट निवासी बाड़मेर ने एक रिपोर्ट सदर थाने में देकर अपने भाई की हत्या होने की बात कही। उसने बताया कि जैसलमेर जिले की सरहद चांपला गांव में एक ट्यूबवैल पर मेरे बड़े भाई हरदान राम की पत्नी यशोदा देवी व कालूराम पुत्र देवाराम दोनों ने मिलकर मेरे भाई हरदान राम के सिर में धारदार हथियार से वार कर हत्या कर दी हैं।
हत्या की घटना की गंभीरता को देखते हुए SP सुधीर चौधरी के आदेशानुसार सदर थाना प्रभारी बगड़ूराम के नेतृत्व में कार्रवाई करते हुए हत्या के मामले का खुलासा किया। पुलिस टीम ने कालूराम पुत्र देवाराम जाट निवासी सारला पुलिस थाना बाखासर जिला बाड़मेर व यशोदा देवी पत्नी हरदानराम जाट निवासी सारला पुलिस थाना बाखासर जिला बाड़मेर को पूछताछ कर गिरफ्तार किया गया। जांच के बाद दोनों को कोर्ट में पेश किया गया, जहां से दोनों को जेल भेज दिया गया। बाड़मेर के बाखासर निवासी हरदान राम ने अपनी पहली पत्नी की मौत के बाद अपनी से आधी उम्र की लड़की यशोदा से शादी की थी। दोनों के बीच करीब 23 साल का अंतर था। शादी के बाद यशोदा से 3 बच्चे हुए। इस बीच यशोदा का हरदान राम के छोटे भाई कालूराम से अफेयर हो गया। कालूराम जैसलमेर जिले में खेती के काम से आ गया। उसके बाद यशोदा भी हरदान राम को छोड़कर करीब सालभर पहले कालूराम के पास जैसलमेर जिले में आ गई थी।
पुलिस के अनुसार- हरदान ने पत्नी यशोदा को समझाने का प्रयास किया, लेकिन वो नहीं मानी। इसके बाद हरदान राम ने छोटे भाई को जान से मारने की धमकी दी और कहा कि वहीं आकर दोनों को मार दूंगा। 1 जून की शाम के समय हरदान राम बाड़मेर से जैसलमेर जिले में आया। देर शाम को ही उसकी लाश खेत में मिली, जहां कालूराम काम करता है। पुलिस ने दोनों को हत्या के अपराध में पकड़ा। दोनों हत्यारों को पकड़ने में और मामले का जल्द खुलासा करने में सदर थाना प्रभारी बगडू राम ASI गुमानसिंह, मुकेश बीरा, हेड कॉन्स्टेबल जगदीश दान, जसवंत सिंह, शैतानसिंह, चुका विश्नोई, कॉन्स्टेबल देवेन्द्र कुमार, विकास, खीम सिंह, अरविन्द सिंह, चुतरा राम, चैनसिंह, सुखवीरसिंह, हेमलता, ललिता, कमलेश व भैरूलाल शामिल रहे।